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उमर गौतम खुद हिन्दू से बना था मुस्लिम, हिन्दू धर्म में जातीय भेदभाव से था आहत, जाने उसकी पूरी कहानी

उमर गौतम जब 20 साल का था तो उसने नैनीताल में धर्म परिवर्तन कर लिया था. बचपन में उसका नाम श्याम प्रकाश सिंह गौतम था. उमर एक राजपूत परिवार में पैदा हुआ था ये खुलासा उसने 2 साल पहले यूट्यूब पर जारी एक वीडियो में किया था.

उमर गौतम खुद हिन्दू से बना था मुस्लिम, हिन्दू धर्म में जातीय भेदभाव से आहत

नई दिल्ली. यूपी एटीएस ने जिन दो आरोपियों जहांगीर कासमी और उमर गौतम को धर्मांतरण के आरोप में गिरफ्तार किया है इनका पूरा नेटवर्क दिल्ली एनसीआर में फैला हुआ है. दिल्ली के जामिया नगर इलाके में जहांगीर और उमर गौतम के फ्लैट हैं जबकि जामिया नगर में ही इस्लामिक दावा सेंटर यानी आईडीसी नाम से इन्होंने अपना दफ्तर भी बना रखा था।

उमर गौतम मूल रूप से फतेहपुर जिले के थरियांव थाना क्षेत्र के पंथुआ गांव का रहने वाला है. उमर गौतम की गिरफ्तारी की खबर के बाद उसके पैतृक गांव में मजमा लग गया. लोग तरह-तरह की चर्चाएं कर रहे थे. इसी बीच थरियांव पुलिस भी उमर के घर पहुंची और चचेरे भाइयों से पूछताछ कर छानबीन शुरू कर दी।
मोहम्मद उमर गौतम के पते K-47 बाटला हाउस पहुंचने पर पता चला कि यहां वह परिवार समेत रहता है. उमर गौतम बाटला हाउस में पिछले कई साल से रह रहा है और इलाके के लोगों का कहना है कि वह अक्सर धार्मिक कार्य में जुटा रहता था. इलाके के लोगों से उसकी मुलाकात ज्यादातर मस्जिद या धार्मिक कार्य के दौरान हुआ करती थी।

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उमर गौतम जब 20 साल का था तो उसने नैनीताल में धर्म परिवर्तन कर लिया था. बचपन में उसका नाम श्याम प्रकाश सिंह गौतम था. उमर एक राजपूत परिवार में पैदा हुआ था ये खुलासा उसने 2 साल पहले यूट्यूब पर जारी एक वीडियो में किया था. उसने बताया कि उसका परिवार आज भी हिंदू है, जो कि यूपी के फतेहपुर में रहता है. वह 6 भाई हैं।

हिंदू धर्म में जातीय भेदभाव से आहत:

वीडियो में उमर गौतम कहता दिख रहा है कि उसने कभी नहीं सोचा था कि वह कभी अपना नाम बदलेगा. उसने कहा कि हिंदू धर्म में जातीय भेदभाव को देखकर उसने अपना धर्म बदल लिया. वह ये भी कह रहा है कि वह बचपन में इस्लाम के बारे में कुछ भी नहीं जानता था. उसे बताया जाता था कि वह ठाकुर बिरादरी से है, जिसे समाज में काफी ऊंचा माना जाता है. उमर ने कहा कि जाति को लेकर होने वाले भेदभाव से दुखी होकर उसने अपना नाम बदल लिया.
उमर ने बताया कि नैनीताल में बीएससी एग्रीकल्चर की पढ़ाई के दौरान उसकी मुलाकात नासिर नाम के एक मुस्लिम से हुई थी. दोनों के बीच काफी गहरी दोस्ती हो गई. दोनों इतने अच्छे दोस्त बन गए कि एक साथ हर मंगलवार को मंदिर भी जाते थे. लेकिन जब उसने कुरान पढ़ी तो 1984 में हिंदू से मुस्लिम बन गया. उसने बताया कि कॉलेज में भी सभी को उसके धर्मांतरण की बात पता था. बाद में उसने दिल्ली की जामिया यूनिवर्सिटी में स्लामिक स्टडीज में एमए किया।

जबरन धर्म परिवर्तन नही करवाता था उमर गौतम:
लखनऊ एटीएस द्वारा धर्मांतरण कराने के आरोप में गिरफ्तार किए गए मौलाना मोहम्मद उमर गौतम और जहांगीर आलम कासमी के परिजन सारे आरोपों को बेबुनियाद बता रहे हैं। उनका कहना है कि न तो किसी को लालच देकर और न ही बहला-फुसलाकर उनका धर्मांतरण कराया गया। जिन्होंने अपना धर्म परिवर्तन किया, बकायदा उन लोगों ने कोर्ट में हलफनामा देकर इसकी सूचना दी।

खुद को बताता है पूर्व पीएम स्वर्गीय वीपी सिंह का भतीजा:
इस बीच उमर गौतम का एक संदिग्ध ट्विटर अकाउंट भी सामने आया है, जिसमें वह खुद को  प्रधानमंत्री स्वर्गीय वीपी सिंह का भतीजा बताया है. साथ ही 20 साल पहले इस्लाम कबूल करने की बात भी कही है।

Tina Chouhan

Author, Editor, Web content writer, Article writer and Ghost writer

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